राम मंदिर में एंट्री के लिए आधार कार्ड जरूरी, जाने से पहले इन बातों का रखें ख्याल

उत्तर प्रदेश के अयोध्या में हर रोज बड़ी संख्या में लोग रामलला के दर्शन करने के लिए आते हैं.

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के मुताबिक, श्री राम जन्मभूमि मंदिर में प्रतिदिन औसतन 1 से 1.5 लाख तीर्थयात्री आ रहे हैं.

श्रद्धालुओं को दर्शन के वक्त किसी भी तरह की परेशानी ना हो इसके लिए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ने गाइडलाइंस जारी की हैं.

श्रद्धालु राम मंदिर में सुबह साढ़े छह बजे से साढ़े नौ बजे तक दर्शन के लिए जा सकते हैं.

वहीं, राम मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं को मोबाइल फोन, चप्पलें, वॉलेट लेकर जाने की इजाजत नहीं होगी.

राम मंदिर में श्रद्धालुओं को फूल, मालाएं या प्रसाद ले जाने की इजाजत नहीं है.

राम मंदिर में मंगला आरती शाम 04 बजे होती है, श्रृगार आरती शाम सवा छह बजे होती है. वहीं, शयन आरती रात 10 बजे होती है. अगर आप शयन आरती में शामिल होना चाहते हैं तो इसके लिए आपको एंट्री पास बनवाना पड़ेगा.

एंट्री पास बनवाने के लिए श्रद्धालु को नाम, उम्र, आधार कार्ड, मोबाइल नंबर और शहर की जानकारी देनी होगी.

श्रद्धालु श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र की आधिकारिक साइट से भी एंट्री पास बनवा सकते हैं. बता दें, एंट्री पास के लिए किसी भी तरह की फीस नहीं देनी है.

मंदिर में दर्शन के लिए किसी के लिए कोई भी खास स्पेशल व्यवस्था नहीं है. अगर कोई आपसे पैसे लेकर स्पेशल दर्शन की बात कहता है तो वो स्कैम है.

बता दें, मंदिर में बूढ़े और दिव्यांगजनों के लिए व्हीलचेयर की व्यवस्था है. व्हीलचेयर के लिए किसी भी तरह की फीस नहीं है, लेकिन व्हीलचेयर पर बैठे व्यक्ति को ले जाने वाले युवा स्वयंसेवकों को एक मामूली शुल्क देना होगा.